राजस्व खनिज व पुलिस विभाग की संयुक्त कार्यशाला आयोजित कलेक्टर ने बताए प्रदेश सरकार के नए सख्त नियम
भिंड - गणेश भारद्वाज
कलेक्टर डॉ सतीश कुमार एस एवं पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र सिंह चौहान की अध्यक्षता में मध्यप्रदेश खनिज( अवैध खनन, परिवहन तथा भण्डारण का निवारण) नियम 2022, नवीन नियमों के अंतर्गत खनिज के अवैध उत्खनन अथवा खनिज या इसके उत्पाद के अवैध भण्डारण, अवैध परिवहन के लिए जुर्माना एवं अभिवहन पार पत्र में दर्ज मात्रा से अधिक मात्रा पाये जाने पर जुर्माना संबंधी नवीन नियमों की जानकारी से संवंधित विभागों एवं अधिकारियों को अवगत कराने एक कार्यशाला का आयोजन किया गया ।यह नियम 8 अप्रैल 2022 से लागू हो गये है।
खनिज के अवैध उत्खनन अथवा खनिज या इसके उत्पाद के अवैध भण्डारण पर जुर्माना
नई जुर्माना सूची
कार्यशाला में चर्चा करते अधिकारी गण
नवीन नियमों के अनुसार खनिज के अवैध उत्खनन अथवा खनिज या इसके उत्पाद के अवैध भण्डारण पर उल्लंघनकर्ता के उपर रॉयल्टी का पन्द्रह गुना अर्थदंड की राशि अधिरोपित की जायेगी,इसके साथ वाहन प्रकार के अनुसार पर्यावरण क्षतिपूर्ति की रकम अधिरोपित कर कुल जुर्माना किया जयेगा।अर्थदंड एवं पर्यावरण क्षतिपूर्ति की रकम कुल जुर्माना होगी।
जहां कोई व्यक्ति मध्यप्रदेश गौण खनिज नियम, 1996 अथवा मध्यप्रदेश रेत ( खनन, परिवहन, भण्डारण एवं व्यापार) नियम, 2019 या विभाग द्वारा प्रचालित अन्य कोई नियमों का उल्लंघन कर उत्खनन अथवा भण्डारण करता है या वह किसी और के निमित्त उत्खनन या भण्डारण करता है, वहां वह अवैध उत्खनन या भण्डारण के लिए एक पक्षकार उपधारित किया जाएगा।
उल्लिखित कुल जुर्माने पर प्रशमन हेतु उल्लंघनकर्ता को सूचना पत्र जारी की जाएगी। सूचना पत्र में राशि जमा करने हेतु पन्द्रह दिवस की अवधि प्रदान की जाएगी। इस अवधि में उपयुक्त कारणों के आधार पर वृद्धि की जा सकेगी।
अधिरोपित कुल शास्ति एवं प्रशमन शुल्क रूपए एक हजार का भुगतान होने पर प्रकरण का प्रशमन किया जा सकेगा। कुल शास्ति को जमा करने पर जप्त वाहन, मशीन, औजार आदि मुक्त किया जा सकेगा।
उल्लंघनकर्ता द्वारा प्रशमन न किए जाने की दशा में सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 उपबंधों के अनुसार प्रकरण उप-नियम (1) में यथा विहित प्राधिकारी के समक्ष प्रस्तावित किया जाएगा।
अवैध उत्खनन / अवैध भण्डारण का उल्लंघन प्रमाणित होने पर उप-नियम ( 2 ) में यथा विहित कुल शास्ति, की दुगुनी रकम अधिरोपित की जाएगी। इसके साथ जप्त वाहन, मशीनरी औजार आदि को, वाहन स्वामी को नियम 21 के उपबंधों के अधीन प्रदान की गई सुपुदर्गी को निरस्त करते हुए, अधिहरण की जाएगी। अधिहरण वाहन, मशीनरी औजार आदि को पारदर्शी रीति में निवर्तित किया जाएगा। प्रकरण नियम 21 के अधीन जमा की गई रकम उल्लंघनकर्ता के पक्ष में निर्णित होने पर वापसी योग्य होगी अन्यथा इस जमा रकम की कुल शास्ति में समायोजन की जाएगी।
खनिज के अवैध परिवहन के लिए जुर्माना
जहां कोई व्यक्ति मध्यप्रदेश गौण खनिज नियम, 1996 अथवा मध्यप्रदेश रेत (खनन, परिवहन, भण्डारण एवं व्यापार ) नियम, 2019 अथवा विभाग द्वारा प्रचालित अन्य कोई नियम के उल्लंघन कर वैद्य अभिवहन पास के बिना खनिज का परिवहन करता है, तब ऐसे प्रकरणों में खनिज की रॉयल्टी का पन्द्रह गुना अर्थशास्ति की राशि कलेक्टर या उसके द्वारा प्राधिकृत अधिकारी जो की डिप्टी कलेक्टर से निम्न नही होगा द्वारा अधिरोपित की जा सकेगी। अधिरोपित अर्थशास्ति के साथ-साथ पर्यावरण क्षतिपूर्ति की रकम कुल जुर्माने के रूप में देय होगी।
उल्लिखित नियम अधीन अधिरोपित कुल शास्ति एवं प्रशमन शुल्क रूपए एक हजार के भुगतान के पश्चात् प्रकरण का प्रशमन किया जा सकेगा। प्रशमन होने के पश्चात् जप्त खनिज एवं वाहन मुक्त किया जा सकेगा।
उल्लंघनकर्ता द्वारा प्रशमन नही किए जाने की दशा में सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 के उपबंधों के अनुसार प्रकरण उप-नियम (1) में यथा विहित प्राधिकारी के समक्ष में प्रचलित किया जाएगा।
अवैध परिवहन का उल्लंघन प्रमाणित होने पर उप-नियम (1) में निर्धारित कुल शास्ति, की दुगुनी राशि अधिरोपित की जाएगी। इसके साथ जप्त वाहन को वाहन स्वामी को नियम 21 के उपबंधों के अधीन प्रदान की गई सुपुदर्गी को निरस्त करते हुए, अधिहरण किया जाएगा। अधिहरण वाहन को पारदर्शी रीति में निवर्तित किया जाएगा। उल्लंघनकर्ता के पक्ष में निर्णय होने पर नियम 21 के अधीन जमा की गई राशि वापसी योग्य होगी, अन्यथा इस जमा रकम की कुल शास्ति में समायोजन किया जाएगा।
वाहन के स्वामी अवैध परिवहन की दशा में उत्तरदायी होगा।
यदि प्रकरण का प्रशमन नहीं किया जाता है, तो नियम 6 के अधीन खनिज परिवहन हेतु किया गया पंजीयन निरस्त किया जाएगा।
अभिवहन पार पत्र में दर्ज मात्रा से अधिक मात्रा के लिए जुर्माना।
( 1 ) खनिज के परिवहन में अभिवहन पास (ई-टीपी) में अंकित मात्रा से अधिक का परिवहन पाए जाने पर खनिज की अतिरिक्त मात्रा पर खनिज की रायल्टी का 15 गुना अर्थशास्ति अधिरोपित की जाएगी। अतिरिक्त मात्रा पर पर्यावरण क्षतिपूर्ति राशि नियम 19 के उप-नियम (1) में विहित वाहन के प्रकार के अनुसार अनुपातिक रूप से देय होगी। अर्थशास्ति एवं पर्यावरण क्षतिपूर्ति की रकम कुल शास्ति होगी।