: कोतवाली पुलिस का कारनामा, किसान की लाखों की हुई चोरी, एफआईआर में सिर्फ 52,700 लिखे !
Admin Wed, Aug 23, 2023



मूंग की फसल बेचकर ग्रामीण बैंक से 5 लाख 27 हजार रुपए लेकर निकले थे किसान ब्रजेंद्र सिंह राजावत
गणेश भारद्वाज - भिंड
किसान बड़ी ही मेहनत करके अपना खून पसीना बहा कर फसल पैदा करता है फसल को बाजार में बेचता है और बेचकर चंद पैसे कमाता है लेकिन इस बीच में उसके साथ पग पग पर धोखाधड़ी होती है। कोतवाली पुलिस ने ऐसा ही कुछ छलावा एक किसान के साथ कर दिया है।
उमरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बझाई पंचायत के रामगढ़ मजरे के किसान बृजेंद्र सिंह राजावत ने अपनी मूंग की फसल वेची और फसल के पैसे बीते रोज मध्य प्रदेश ग्रामीण बैंक से लेकर निकले ही थे कि शहर के शास्त्री चौराहे पर उनके 5 लाख 27 हजार रुपए से भरे बैग को किसी ने चुरा लिया। इस बात की शिकायत करने के लिए वे कोतवाली पहुंचे कोतवाली में उनकी शिकायत तो सुनी गई लेकिन लाखों की चोरी को केवल हजारों में ही दर्ज किया गया।
विस्तृत जानकारी के मुताबिक उमरी थाना क्षेत्र के बझाई ग्राम पंचायत के रामगढ़ मजरे के किस बृजेंद्र सिंह राजावत पुत्र स्वर्गीय लाखन सिंह राजावत ने सहकारी संस्था को अपनी मूंग की फसल वेची थी जो कि 5 लाख 29 हजार की बिकी थी। 22 तारीख को अपराह्न मध्य प्रदेश ग्रामीण बैंक से इस में से 5 लाख 27 हजार निकालकर बृजेंद्र सिंह अपने घर ले जा रहे थे कि रास्ते में शास्त्री चौराहे के पास उनकी बाइक से किसी ने जाम का फायदा उठाकर पैसों से भरा बैग चुरा लिया। बैक को यहां वहां खोजने की कोशिश की गई लेकिन बैग नहीं मिला तो हताश निराश किसान पुलिस के पास यानि कि कोतवाली पहुंचे कोतवाली में इनकी शिकायत तो दर्ज की गई लेकिन 5 लाख 27 हजार जो गायब हुए थे उसकी जगह पर एफ आई आर में केवल 52700 (बावन हजार सात सौ) रुपए की दर्ज किए गए। जब हमने इस संदर्भ में नवागत कोतवाली थाना प्रभारी सत्येंद्र सिंह राजपूत से बात की तो उन्होंने कहा कि लिपकीय त्रुटि के चलते ऐसा हो गया था, हमने सुधार कर दिया है। बड़ी मजे की बात है कि एफ आई आर में 52700 का उल्लेख एक स्थान पर नहीं बल्कि पांच स्थानों पर किया गया है। क्या लिपकीय त्रुटि अलग अलग पांच स्थानों पर हो सकती है।
एफ आई आर कम पैसे की दर्ज हो जिससे कि ऊपर के अधिकारियों दबाव कम हो। पुलिस के द्वारा इसलिए यह जानबूझकर किया जाता है ऐसा प्रतीत होता है। हालांकि इस संदर्भ में जब हमने थाना प्रभारी से बात होने के बाद बात किसान को बताई तो उसका कहना था कि एफ आई आर में कोई भी चेंज नहीं किया गया है खबर लिखे जाने तक एफ आई आर में केवल 52700 की ही चोरी दर्ज की गई है।
पग पग पर ठगे जाने वाले किसानों के साथ जब जनता की सेवक कहलाने वाली पुलिस ही ऐसी धोखाधड़ी करेगी तो आखिर कैसे न्याय मिल पाएगा बेचारे किसानों और आमजन फरियादियों को?
विज्ञापन